संभल हिंसा में बुरे फंसे ASP अनुज चौधरी, 12 पुलिसकर्मियों पर होगी FIR; जानें क्या है मामला

संभल हिंसा मामले में तत्कालीन सीओ और वर्तमान एएसपी अनुज चौधरी सहित 12 पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज करने का आदेश हुए हैं. एक युवक के पिता ने कोर्ट में याचिका दायर कर आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके बेटे को गोली मारी थी. कोर्ट ने मामले को सुनवाई योग्य मानते हुए यह आदेश दिया है. अब यह मामला यूपी पुलिस के लिए परेशानी का सबब बन गया है.

संभल हिंसा में एएसपी अनुज चौधरी पर होगी एफआईआर Image Credit:

उत्तर प्रदेश में संभल के जामा मस्जिद में सर्वे के दौरान भड़की हिंसा का मामला पुलिस पर भारी पड़ गया है. उस समय पुलिस ने भले समय रहते इस हिंसा को नियंत्रित कर लिया था, लेकिन इसी मामले में अब संभल पुलिस के तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी पर एफआईआर के आदेश हुए हैं. इस समय फिरोजाबाद में एडिशनल एसपी अनुज चौधरी समेत 12 पुलिसकर्मियों पर हिंसा के दौरान एक युवक को गोली मारने का आरोप है. युवक के पिता द्वारा कोर्ट में दाखिल इस्थगासा पर सुनवाई करते हुए सीजेएम विभांशु सुधीर ने इस मामले में एफआईआर के आदेश दिए हैं.

मामला संभल के नखासा थाना क्षेत्र में खग्गू सराय मोहल्ले का है. यहां अंजुमन निवासी यामिन ने सीजेएम कोर्ट में पिछले साल 6 फरवरी 2024 को अर्जी लगाई थी. इसमें बताया था कि उनका बेटा आलम घटना के दिन यानी 24 नंवबर 2024 को रस्क (टोस्ट) बेचने निकला था. इसी दौरान शाही जामा मस्जिद इलाके में हिंसा भड़क गई और पुलिस ने उनके बेटे को गोली मार दी. इस मामले में यामिन ने कोर्ट में तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी, संभल कोतवाली प्रभारी इंस्पेक्टर अनुज तोमर समेत 12 पुलिस वालों के खिलाफ नामजद शिकायत दी थी.

कोर्ट ने सुनवाई के योग्य मानी अर्जी

यामिन की अर्जी पर सीजेएम कोर्ट ने गंभीरता से विचार करते हुए इसे सुनवाई के योग्य माना है. कोर्ट ने इस संबंध में पुलिस को एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए हैं. यामिन के वकील अख्तर हुसैन ने इस आदेश की पुष्टि की है. कहा कि मंगलवार की देर शाम कोर्ट ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है. उन्होंने बताया कि उस घटना के बाद उनके मुवक्किल यामिन के बेटे ने पुलिस के डर से छिपकर इलाज कराया था. इसमें मुश्किल से उसकी जान बची थी.

जेल गए थे 79 उपद्रवी

जानकारी के मुताबिक संभल हिंसा में पुलिस ने उपद्रवियों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई की थी. इस मामले में पुलिस ने 12 मुकदमे दर्ज किए थे. वहीं तीन महिलाओं समेत 79 उपद्रवियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था. इन मुकदमो में पुलिस ने सपा सासंद जियाउर्रहमान बर्क, सपा विधायक इकबाल महमूद के बेटे सुहैल इकबाल सहित 40 लोगों को नामजद किया था. वहीं 2750 अज्ञात उपद्रवियों को आरोपी बनाया था. इस संबंध में गठित एसआईटी ने बीते 18 जून को 1128 पन्नों की चार्जशीट भी कोर्ट में दाखिल कर दी है.