वाराणसी: दालमंडी में ध्वस्तीकरण पर रोक, हाईकोर्ट ने तीन हफ्ते में मांगा काउंटर एफिडेविट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी के दालमंडी में बुलडोजर कार्रवाई पर रोक लगा दी है. कोर्ट ने अगली सुनवाई तक प्रभावित संपत्ति की यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया. याचिकाकर्ता ने नगर निगम के ध्वस्तीकरण नोटिस को चुनौती दी थी, जिसकी आपत्तियों पर कोई अंतिम आदेश नहीं आया था.
वाराणसी के दालमंडी में सड़क चौड़ीकरण के तहत ध्वस्तीकरण अभियान पर रोक लगा दी गई है. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गुरुवार को अगली सुनवाई तक प्रभावित संपत्ति की यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया. याचिकाकर्ता ने नगर निगम के ध्वस्तीकरण नोटिस को चुनौती दी थी, जिसपर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने यह बड़ा फैसला सुनाया है.
दरअसल, याचिकाकर्ता सैयद अब्बास मुर्तज़ा शम्सी ने नगर निगम वाराणसी द्वारा 26 मई 2026 को जारी ध्वस्तीकरण नोटिस को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी. याचिका में कहा गया कि नोटिस के खिलाफ दाखिल आपत्तियों पर अभी तक कोई अंतिम आदेश पारित या तामील नहीं किया गया है, इसके बावजूद भवन गिराने की कार्रवाई की जा रही है.
HC ने मामले में सभी पक्षकारों से जवाब मांगा
इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस सलील कुमार राय और जज स्वरूपमा चतुर्वेदी की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई की. कोर्ट ने प्रथम दृष्टया मामले को विचारणीय मानते हुए सभी पक्षकारों से जवाब मांगा है. प्रतिवादियों को तीन सप्ताह में काउंटर एफिडेविट दाखिल करने और याचिकाकर्ता को उसके बाद दो सप्ताह में प्रत्युत्तर दाखिल करने का समय दिया गया है.
हाईकोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिया है कि 26 मई 2026 के नोटिस से संबंधित संपत्ति पर सभी पक्ष यथास्थिति बनाए रखेंगे और नगर निगम सहित संबंधित अधिकारियों को अगली सुनवाई तक किसी भी तरह की ध्वस्तीकरण कार्रवाई करने से रोका जाता है. अब इस मामले की अगली सुनवाई 20 जुलाई 2026 को होगी, जहां कोर्ट सभी पक्षों के जवाब और दस्तावेजों पर विचार करेगा.
दालमंडी में अब तक 132 भवन हो चुके हैं ध्वस्त
दालमंडी में जर्जर भवनों को लेकर कुछ लोग कोर्ट गए थे. हाईकोर्ट ने नगर निगम को निर्देश दिया था कि इन लोगों के प्रत्यावेदन सुनकर इनका निस्तारण किया जाए. PWD ने कहा था कि प्रत्यावेदन का निस्तारण कर दिया गया. इसके बाद इन जर्जर मकानों पर 14/15 जून और 23/24 जून को वीडीए द्वारा कार्रवाई करने का ऐलान किया गया था.
वहीं, PWD के एक्सईएन केके सिंह ने गुरुवार को बताया कि दालमंडी में कुल 187 भवन और मस्जिदों में से अब तक 132 भवन ध्वस्त हो चुके हैं.और 56 करोड़ रूपये मुआवजा दिया गया है. अब 49 भवन और आधा दर्जन मस्जिद ही बचे हैं. PWD ने दावा किया था कि 30 जून तक दालमंडी खाली करा लेंगे और एक हफ़्ते में मस्जिदों पर निर्णय हो जाएगा.
