नजर तो भगवान के मुकुट पर थी, लेकिन इस डर से खुद नहीं करता चोरी… मंदिरों में भेजता था मुस्लिम साथी
चित्रकूट पुलिस ने एक 'धर्मात्मा चोर' विजय शुक्ला को पकड़ा है, जो पाप के डर से खुद मंदिरों में चोरी नहीं करता था. वह मंदिरों से सोना-चांदी के मुकुट, छत्र आदि चुराने के लिए अपने मुस्लिम साथी बाबरशाह का इस्तेमाल करता था. यह हिस्ट्रीशीटर चोर, मंदिरों की रैकी कर वारदात को अंजाम देता था और चोरी का माल गलाकर सोनार को बेचता था.
उत्तर प्रदेश की धर्मनगरी चित्रकूट में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां की पुलिस ने एक ऐसे चोर को पकड़ा है, जिसे पाप से बहुत डर लगता था. यह चोर पहले तो दिन देखकर वारदातों को अंजाम देता था. यही नहीं इसने मंदिरों में चोरी के लिए अपने साथ मुस्लिम साथी लेकर चलता था. शहर के मंदिरों में आए दिन हो रही चोरी की घटनाओं पर संज्ञान लेकर पुलिस ने तीन चोरों को पकड़ते हुए इस चोर गिरोह का खुलासा कर दिया है. पुलिस ने इन चोरों के साथी सोनार को भी अरेस्ट किया है.
चित्रकूट पुलिस के मुताबिक इस चोर गिरोह का सरगना आगरा में रहने वाला विजय शुक्ला है. यह शातिर चोर थोड़ा धर्मात्मा टाइप का है. उसने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वह मंगलवार और शनिवार को कोई वारदात नहीं करता. बल्कि इन दोनों दिनों में वह अलग अलग मंदिरों में जाता था. इस दौरान वह भगवान के मुकुट, घंटे आदि की रैकी करता था. इसके बाद इन मंदिरों में चोरी का प्लान बनाता था.
मंदिर में खुद नहीं करता चोरी
आरोपी विजय शुक्ला ने बताया कि वह खुद मंदिरों में चोरी नहीं करता था. उसका मानना था कि ऐसा करना पाप होगा. इसलिए मंदिरों में चोरी के लिए उसने एक मुस्लिम युवक को अपने साथ रखा था. वारदात के समय वह खुद तो मंदिर के बाहर रहता और मुस्लिम साथी को मंदिर में भेज देता था. आरोपी ने पुलिस को बताया कि चोरी के लिए मंदिरों से सोने-चांदी के मुकुट, छत्र, गदा, घंटे आदि उसकी पहली पसंद होते थे.
ऐसे ठिकाने लगाता था चोरी का माल
आरोपी ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वह चोरी के माल को गलाकर सोने और चांदी की सिल्लियों में बदल लेता था, फिर आगरा में एक सोनार को बेच देता था. पुलिस ने आरोपी की पहचान पर चोरी का माल खरीदने वाले आगरा के सोनार को भी अरेस्ट कर लिया है. चित्रकूट एसपी अरुण कुमार सिंह के मुताबिक आरोपी से पूछताछ और निशानदेही के दौरान भरतकूप मंदिर स्थित राम जानकी मंदिर, पहाड़ी थाना के अकेलवा बाबा हनुमान मंदिर परसौंजा व कर्वी कोतवाली के लोढ़वारा स्थित बाल हनुमान मंदिर में स्थापित प्रतिमाओं के मुकुट, छत्र, गदा आदि की बरामदगी हुई है.
ऐसे पकड़े गए शातिर चोर
पुलिस के मुताबिक मंदिरों में चोरी की घटनाएं लगातार हो रही थीं. इन घटनाओं को देखते हुए पुलिस ने सर्विलांस की मदद से चोरों की घेराबंदी की. इसी दौरान पता चला कि आरोपी आरोग्यधाम क्षेत्र में एक धर्मशाला में ठहरे हैं. इसके बाद पुलिस ने दबिश देकर इन्हें दबोच लिया है. उन्होंने बताया कि पकड़े गए चोरों की पहचान गैंग सरगना विजय शुक्ला व उसके साथी बाबरशाह के अलावा सोनार के रूप में हुई है.
हिस्ट्रीशीटर है विजय शुक्ला
एसपी अरुण कुमार सिंह के मुताबिक गैंग सरगना विजय शुक्ला मूल रूप से चित्रकूट में राजापुर का रहने वाला पुराना हिस्ट्रीशीटर है. करीब 20 साल पहले उसने एक मर्डर किया था. इसके अलावा चोरी की कई वारदातों को अंजाम दिया था. इस मामले में जब उसकी हिस्ट्रीशीट खुल गई तो वह फरार हो गया और आगरा में नाम व पहचान बदलकर रह रहा था. वहीं काफी समय बाद उसने एक बार फिर से चित्रकूट के मंदिरों में चोरी की घटनाओं को अंजाम देना शुरू कर दिया था.