महिला टॉयलेट में CCTV पर बवाल… बागपत के टोल प्लाजा पर लोगों का फूटा गुस्सा
बागपत हाईवे पर स्थित टोल प्लाजा की शर्मनाक करतूत सामने आई है. जहां महिला के टॉयलेट में सीसीटीवी कैमरा लगाने का आरोप है. एक वायरल वीडियो के बाद स्थानीय लोगों में इसको लेकर आक्रोश बढ़ गया है. पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
बागपत जिले में मेरठ-बागपत हाईवे पर स्थित बालैनी टोल प्लाजा की शर्मनाक करतूत सामने आई है. टोल प्लाजा पर महिला टॉयलेट में CCTV कैमरे के आरोप से सनसनी फैल गई है. एक वायरल वीडियो में टॉयलेट के अंदर CCTV कैमरा दिख रहा है. जिसके बाद स्थानीय लोगों में जबरदस्त आक्रोश है. लोगों ने पुलिस से मामले की शिकायत दर्ज कराई है.
पूरे मामले को लेकर स्थानीय प्रशासन और टोल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं. स्थानीय लोगों ने टोल कर्मचारियों पर निजता भंग करने के साथ अवैध रूप से टोल वसूलने का भी आरोप लगाया है. उनका कहना है कि यह बेहद संवेदनशील और आपत्तिजनक मामला है. जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कठोर से कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए.
लोगों की निजता को लेकर खड़े हो गए गंभीर सवाल
ग्राम बालैनी निवासी, विक्रांत त्यागी ने टोल प्लाजा पर अवैध वसुली और टॉयलेट में CCTV कैमरे को लेकर थाना बालैनी में शिकायत दी है. उन्होंने बताया कि वह अपनी गाड़ी नंबर DL11CD6691 से खेत से घर लौट रहे थे. इसी दौरान बालैनी रोड पर टोल कर्मचारियों ने उनकी गाड़ी को रोक लिया और कथित रूप से फोटो खींचकर जबरन टोल काट लिया.
उनका कहना है कि यह स्थान टोल प्लाजा से लगभग 500 मीटर दूर है, जहां से गांव की ओर जाने वाला रास्ता भी गुजरता है. टोल कर्मचारियों सीसीटीवी कैमरा लगाकर अवैध रूप से टोल वसूलते हैं. वहीं. वायरल वीडियो में यह भी आरोप लगाया गया है कि कैमरा महिला शौचालय के पास लगाया गया था, जिससे लोगों की निजता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.
आरोपों की सत्यता की जांच की जा रही है- पुलिस
स्थानीय लोगों और शिकायतकर्ताओं ने पुलिस से मांग की है कि टोल प्लाजा के सीसीटीवी की फुटेज की जांच कराई जाए. शौचालय में कैमरा लगाने के पीछे की मंशा की जांच हो. अवैध तरीके से वसूली करने वाले कर्मचारियों और प्रबंधन पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए. फिलहाल यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.
मामले की गंभीरता को देखते हुए बालैनी पुलिस ने जांच शुरू कर दी है. बालैनी थाना पुलिस का कहना है कि उन्हें शिकायत प्राप्त हो गई है. आरोपों की सत्यता की जांच की जा रही है, और यदि कैमरा लगाने या अवैध वसूली की पुष्टि होती है, तो दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा. फिलहाल, इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय लोगों में साफ नाराजगी है.